Voice Of Truth

DU छात्रों के लिए फिर शुरू हुई यू-स्पेशल बस सेवा, सीएम बोली- मीठी यादें साथ लाई…

Delhi: दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता ने आज यानी की गुरुवार को दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए यू-स्पेशल बस सेवा (U-Special Bus) को फिर से शुरू कर दिया है। बताते चले कि यू-स्पेशल बस सेवा वर्षों से बंद पड़ीं थी जिसे अब फिर शुरू किया गया हैं।

DU छात्रों के लिए फिर शुरू हुई यू-स्पेशल बस सेवा, सीएम बोली- मीठी यादें साथ लाई...

यू-स्पेशल 100 नई बस सेवा शुरू

बताते चले कि यू-स्पेशल बस सेवा की शुरुआत 25 बसों के साथ की गई, जो डीयू के 67 कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों को कवर करेंगी। जिसकी शुरूआत आज सीएम रेखा गुप्ता और परिवहन मंत्री डॉ. पंकज सिंह ने डीयू कैंपस से हरी झंडी दिखाकर की हैं। इस दौरान उन्होंने कहा- उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार छात्रों को मेट्रो ट्रेनों में रियायती पास उपलब्ध कराने के लिए गंभीरता से काम कर रही है। वहीं इस सेवा को लेकर विश्वविद्यालय ने धन्यवाद भी किया हैं।

Read More: EaseofDoingBusiness-2025′ लाने जा रही यूपी सरकार, जेल की जगह मिलेगा आर्थिक दंड

U-Special बस भी साथ ले आई हूं- मुख्यमंत्री

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 100 नई बसों को हरी झंडी दिखाई, जिनमें 30 साल बाद वापस आ रही 50 पुनर्निर्मित ‘यू’ स्पेशल बसें भी शामिल हैं। यू-स्पेशल बस सेवा डीयू के 67 कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों को कवर करेगी। इस सेवा के तहत इलेक्ट्रिक बसें 25 से ज्यादा रूटों पर चलेंगी और मेट्रो स्टेशनों जैसे महत्वपूर्ण स्थलों पर रुकेंगी।

वहीं U-Special बस सेवा को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा- “जब मैंने विश्विद्यालय छोड़ी थी, तब यह यू -स्पेशल मेरे कॉलेज दिनों की सबसे मीठी यादें अपने साथ ले गई थी। आज, आपके बीच वापस लौटी हूँ तो आपके लिए एसी, एफएम रेडियो, पैनिक बटन और अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस यू -स्पेशल भी साथ ले आई हूँ। सिर्फ़ छह महीने में सरकार ने आपके एक-एक वोट की ताक़त को आपके लिए सुविधा और बदलाव में बदल दिया है।”

Read More: गुरुवार का ज्ञान: गुरु शिक्षा में जानें रोग-रिपु-ऋण का दमन कैसे करें

जानें बस में क्या होगी सुविधा

दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए लंबे समय से बंद U-Special बस सेवा अब पुनः शुरू की गई है। नई इलेक्ट्रिक U-Special बसें लो-फ़्लोर, एसी, सीसीटीवी, पैनिक बटन, दिव्यांगजन हेतु सुलभ सुविधाएँ और रियल-टाइम ट्रैकिंग से सुसज्जित हैं। साथ ही छात्र QR कोड और व्हाट्सऐप के माध्यम से अपनी पसंद के गाने सुनते हुए इस सफ़र का आनंद ले सकेंगे।

वहीं दिल्ली के परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने बताया कि सभी यू-स्पेशल बसें इलेक्ट्रिक और वातानुकूलित हैं और छात्रों की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे और पैनिक बटन से लैस हैं। उन्होंने बताया कि छात्र इन बसों में क्यूआर कोड का इस्तेमाल करके अपने पसंदीदा गाने भी सुन सकते हैं।

यह केवल एक बस नहीं, बल्कि दोस्ती- सीएम रेखा

उन्होंने कहा कि यू-स्पेशल बसों की संख्या में नियमित रूप से वृद्धि की जाएगी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार प्रदूषण से लड़ने के लिए कदम दर कदम आगे बढ़ रही है और शून्य प्रदूषण वाली ई-बसें इसमें मदद करेंगी। उन्होंने कहा कि पिछले छह महीनों में भाजपा सरकार दिल्ली को आगे ले जाने और यहां के लोगों का जीवन आसान बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है।

उन्होंने कहा- “यह केवल एक बस नहीं, बल्कि दोस्ती, गपशप और हंसी-ठिठोली का चलता-फिरता संसार है। जहाँ हम कभी सीढ़ियों पर बैठकर अंताक्षरी खेला करते थे, आप आज एफएम सुनेंगे पर भावनाएँ वही रहेंगी।” उन्होंने कहा – अब यह यू -स्पेशल आपको कॉलेज गेट से सुरक्षित और सुविधाजनक ढंग से आपके घर तक पहुँचाएगी। छात्र-छात्राओं के लिए मेट्रो पास पर भी हमारी सरकार काम कर रही है, ताकि शिक्षा और यात्रा दोनों ही सहज बनें।

डीयू ने भी की सराहना

उधर दिल्ली विश्वविद्यालय ने भी मुख्यमंत्री के इस कदम की सराहना की है। विश्वविद्यालय ने आधिकारिक एक्स हैंडल पर एक पोस्ट के माध्यम से सीएम को इस पहल को फिर से शुरू करने के लिए धन्यवाद दिया। डीयू ने एक्स पर पोस्ट में लिखा, “दिल्ली विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए समर्पित ई-बसें और यू-स्पेशल बसें शुरू करने के लिए माननीय दिल्ली के मुख्यमंत्री का हार्दिक आभार व्यक्त करता है। यह पहल स्थायी परिवहन को मजबूत करेगी और हजारों युवा छात्रों को लाभान्वित करेगी।”

सीएम रेखा ने पिछली सरकार पर उठाए सवाल

वहीं यू-स्पेशल बस सेवा को हरी झंडी दिखाते हुए सीएम रेखा ने पिछली सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा- “जहां पिछली सरकार यू-टर्न लेती थी, वहीं हमारी सरकार हमेशा आगे की ओर अग्रसर रहती है और दिल्ली को आगे ले जाती है।” उन्होंने बताया कि यू-स्पेशल बसें विश्वविद्यालय की जीवन रेखा हुआ करती थीं, जिनमें हजारों छात्र अपने कॉलेजों तक आते-जाते थे, लेकिन यह सेवा बंद कर दी गई।

Share
Exit mobile version