Voice Of Truth

राहुल गांधी ने विदेश मंत्री से पूछा सवाल- ‘बताएं हमने कितने एयरक्राफ्ट खोए’

Delhi: विदेश मंत्रालय ने शनिवार को एक बयान जारी कर विदेश मंत्री एस. जयशंकर के बयान को लेकर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के दावों का खंडन किया था। क्योंकि कांग्रेस सांसद ने दावा किया था कि विदेश मंत्री ने स्वीकार किया है कि भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बारे में पाकिस्तान को पहले ही सूचित कर दिया था। जिसको लेकर राहुल गांधी ने विदेश मंत्री एस जयशंकर से फिर सवाल पूछा- ‘बताएं हमने कितने एयरक्राफ्ट खोए’…

Read More: अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति joe biden को हुआ ‘प्रोस्टेट कैंसर’, अमेरिका में मचा हड़कंप

राहुल गांधी ने विदेश मंत्री से पूछा सवाल- ‘बताएं हमने कितने एयरक्राफ्ट खोए’

राहुल गांधी ने विदेश मंत्री से पूछा सवाल

आपको बतादें कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सोमवार को विदेश मंत्री एस जयशंकर पर एक बार फिर से निशाना साधा है और उन्होंने उनकी चुप्पी पर सवाल उठाए हैं, कहा- विदेश मंत्री जयशंकर की चुप्पी सिर्फ़ बयानबाजी नहीं है – यह निंदनीय है। गांधी ने कहा – इसलिए मैं फिर से पूछूंगा: हमने कितने भारतीय विमान खो दिए क्योंकि पाकिस्तान को पता था? यह कोई चूक नहीं थी। यह एक अपराध था। और देश को सच्चाई जानने का हक है।

राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा – सरकार ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत आतंकवादी बुनियादी ढांचे पर हमले के बारे में पाकिस्तान को सूचित कर दिया था। राहुल गांधी ने इस कृत्य को गंभीर उल्लंघन बताया और इस बात पर स्पष्टता की मांग की कि इस कदम को मंजूरी किसने दी।

राहुल गांधी ने आरोप लगाते हुए सोशल मीडिया पर पोस्ट के जरिए कहा- ”हमारे हमले की शुरुआत में पाकिस्तान को सूचित करना एक अपराध था। विदेश मंत्री ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है कि भारत सरकार ने ऐसा किया.” इसके साथ ही राहुल गांधी ने इस पर सवाल खड़े करते हुए कहा-

इसे किसने अधिकृत किया?

इसके परिणामस्वरूप हमारी वायुसेना ने कितने विमान खो दिए?

    कांग्रेस ने लगाए पीएम पर भी आरोप

    इतना ही नहीं Congress (@INCIndia) के सोशल मीडिया X से भी पीएम मोदी और विदेश मंत्री एस. जयशंकर जी को घेरते हुए कई गंभीर आरोप लगाते हुए सवाल पुछते हुए कहा गया- विदेश मंत्री एस. जयशंकर जी ने ख़ुद मीडिया एजेंसियों को बताया कि हमने हमला करने से पहले पाकिस्तान को सूचित कर दिया था।

    दरअसल, इसे कूटनीति नहीं बल्कि मुखबिरी कहा जाता है। विदेश मंत्री ने जो बोला उसे सबने सुना- फिर भी इसपर लीपापोती की जा रही है। क्या इसी मुखबिरी की वजह से मसूद अज़हर ज़िंदा बच गया और हाफिज सईद ज़िंदा भाग गया? क्या देश को जानने का हक़ नहीं है कि पाकिस्तान को हमले की सूचना देकर मसूद अज़हर को दोबारा बचाया गया, क्योंकि इससे पहले मसूद अज़हर को कंधार हाईजैक के समय छोड़ा गया था।

    विदेश मंत्री का यह बयान संवेदनशील है, क्योंकि इस बयान से तो यही लगता है कि आतंकी अपने ठिकानों से भाग गए होंगे। ऐसा क्यों किया गया, इस पर प्रधानमंत्री मोदी, विदेश मंत्री को जवाब देना होगा। आपको बताते चले कि यह वीडियो AICC मीडिया और पब्लिसिटी विभाग के चेयरमैन @Pawankhera की तरफ से जारी किया गया था।

    विदेश मंत्रालय ने जारी किया बयान

    वहीं विदेश मंत्रालय ने ऐसे दावों की निंदा करते हुए कहा- तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया है। विदेश मंत्रालय के विदेश प्रचार प्रभाग ने कहा – एस. जयशंकर ने कहा था कि “हमने पाकिस्तान को शुरुआत में ही चेतावनी दे दी थी, जो स्पष्ट रूप से ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के शुरुआत के बाद प्रारंभिक चरण की बात है।” मंत्रालय ने कहा- “इसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है कि यह ऑपरेशन शुरू होने से पहले की बात है। तथ्यों को पूरी तरह से गलत तरीके से प्रस्तुत करने की निंदा की जा रही है।”

    https://www.amarujala.com/india-news/rahul-gandhi-asks-jaishankar-how-many-indian-aircraft-did-we-lose-because-pakistan-knew-2025-05-19

    Share
    Exit mobile version