उत्तर प्रदेशचुनाव

जिंदा को मरा, मरे को जिंदा दिखाया गया: SIR पर संजय सिंह

  • SIR के नाम पर यूपी में साढ़े चार करोड़ मतदाताओं का सफाया, लोकतंत्र से खुला खिलवाड़: संजय सिंह
  • एक महीने में साढ़े चार करोड़ वोटर कहां गायब हो गए, चुनाव आयोग जवाब दे: संजय सिंह
  • राज्य सरकार के ही कर्मचारियों ने बनाई दोनों सूचियां, फिर एक महीने में 17 करोड़ से 12.55 करोड़ वोटर कैसे हो गए?: संजय सिंह
  • भाजपा पहले वोट काटती है, फिर हर बूथ पर 200 वोट जोड़ने की साजिश करती है: संजय सिंह
  • जिंदा लोगों को मरा और मरे को जिंदा दिखाया गया, यह SIR के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा है: संजय सिंह
  • SIR के नाम पर यूपी में अब तक का सबसे बड़ा फर्जीवाड़ा, संजय सिंह ने सुप्रीम कोर्ट से की जांच की मांग
  • मतदाता सूची से कनाडा की आबादी से ज्यादा नाम गायब, चुनावी साजिश बेनकाब
जिंदा को मरा, मरे को जिंदा दिखाया गया: SIR पर संजय सिंह

लखनऊ: यूपी में SIR के नाम पर हो रहे तमाशे पर सुप्रीम कोर्ट को ध्यान दिलाने के लिए आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने बुधवार को लखनऊ स्थित पार्टी मुख्यालय पर आयोजित प्रेस वार्ता में कहा- भाजपा सरकार, चुनाव आयोग के शीर्ष अधिकारी और योगी सरकार के कर्मचारियों ने मिलकर उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के साथ अब तक का सबसे बड़ा फर्जीवाड़ा किया है।

संजय सिंह ने सुप्रीम कोर्ट से की जांच की मांग

उन्होंने कहा कि पहले उत्तर प्रदेश में 17 करोड़ मतदाता बताए गए, फिर गहन पुनरीक्षण के नाम पर यह संख्या घटाकर 12 करोड़ 55 लाख कर दी गई, यानी साढ़े चार करोड़ मतदाता एक महीने में गायब कर दिए गए। यह सीधा-सीधा लोकतंत्र और संविधान पर हमला है।

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संजय सिंह ने कहा- पहले उत्तर प्रदेश सरकार के कर्मचारियों ने ग्राम पंचायत, बीडीसी, जिला पंचायत और स्थानीय निकाय चुनावों के लिए अलग-अलग मतदाता सूचियां तैयार कीं और इन्हीं सूचियों के आधार पर दिसंबर 2025 में बताया गया कि प्रदेश में कुल 17 करोड़ मतदाता हैं। लेकिन जब इन्हीं कर्मचारियों ने गहन पुनरीक्षण किया तो अचानक दावा किया गया कि शहरी और ग्रामीण मिलाकर प्रदेश में सिर्फ 12 करोड़ 55 लाख मतदाता हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि एक महीने में साढ़े चार करोड़ मतदाता कहां चले गए?

यूपी में बीजेपी कर रही फर्जीवाड़ा

संजय सिंह ने कहा- “अगर यह गहन पुनरीक्षण सही था तो 4 करोड़ 50 लाख मतदाताओं को किस आधार पर सूची से उड़ाया गया?” उन्होंने आगे कहा, “यह गलती नहीं, बल्कि योजनाबद्ध धांधली है, जिसकी पूरी जांच होनी चाहिए।”

संजय सिंह ने खुलासा किया कि जैसे ही 4 करोड़ 50 लाख मतदाता साफ किए गए, उसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हर बूथ पर 200 वोट बढ़ाने की बात कही। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में 1 लाख 77 हजार बूथ हैं, यानी भाजपा करीब साढ़े तीन करोड़ वोट उत्तर प्रदेश में बढ़ाने की तैयारी में है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा बिहार, हरियाणा, दिल्ली, मुंबई और राजस्थान से लोगों को लाकर उत्तर प्रदेश में फर्जी तरीके से वोटर बनवाने का खेल कर रही है।

चुनाव आयोग करें दूध का दूध और पानी का पानी

संजय सिंह ने कहा, “भाजपा पहले वोट काटने की लिस्ट देती है और फिर वोट जोड़ने की लिस्ट लेकर आती है, विपक्ष के मतदाता धक्के खाते रह जाते हैं।” उन्होंने बताया कि भाजपा के एक विधायक ने खुले तौर पर कहा है कि उनके 18 हजार वोट बढ़ गए, जो इस पूरे खेल की पोल खोल देता है।

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संजय सिंह ने कहा कि चुनाव आयोग को यह बताना होगा कि साढ़े चार करोड़ मतदाता कहां गए, किसके आदेश पर यह धांधली की गई और इसकी पूरी जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि एसआईआर के तहत अब तक करीब 2 करोड़ 90 लाख नाम काटे गए हैं, उन्होंने कहा कि फॉर्म सिक्स फॉर्म 7 और फॉर्म 8 यह तीन फॉर्म है जिसमें फॉर्म 6 नए वोटर बनने के लिए और फार्म 7 शिफ्टेड के लिए और फॉर्म 8 मिसिंग के लिए है। संजय सिंह ने कहा कि जब यह तीन फॉर्म भरे जाएंगे तो नियम यह कहता है चुनाव आयोग कहता है कि इन्हीं के परिपेक्ष में फॉर्म 9, 10 और 11 बीएलओ भरेगा।

यानी जिनका फॉर्म 6 भरा उनके लिए फॉर्म 9 भरा जाएगा, जिन लोगों का फॉर्म 7 भर गया है उनके लिए फार्म 10 भरा जाएगा और जिनका फॉर्म 8 भर गया है उनके लिए फार्म 11 भरा जाएगा । यानी बीएलओ को भी अपना रिकॉर्ड मेंटेन करना है तो मैं चुनाव आयोग से कहता हूं कि दूध का दूध और पानी का पानी कर दीजिए । आपने कहा कि 2 करोड़ 17 लाख लोग शिफ्टेड और अनट्रेसेबल की कैटेगरी में है। और इन दो करोड़ 17 लाख लोगों के लिए फार्म 7 भरा गया होगा और अगर फॉर्म 7 इधर भरा गया है तो फॉर्म 10 बीएलओ ने भरा होगा। संजय सिंह ने कहा कि अगर पूरे उत्तर प्रदेश में 2 करोड़ 17 लाख लोग जो शिफ्ट हुए हैं तो उनके फार्म 10 देश और मीडिया के सामने और ऑनलाइन सार्वजनिक किए जाएं।

चुनाव आयोग ने जिंदा लोगों को मृत घोषित किया

संजय सिंह ने कहा कि चुनाव आयोग ने यह भी दावा किया है कि 46 लाख लोग मृत हो गए और 25 लाख वोट डुप्लीकेट हैं। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि इन सभी का रिकॉर्ड ऑनलाइन सार्वजनिक किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि जिंदा लोगों को मरा और मरे लोगों को जिंदा कर दिया गया है।

संजय सिंह ने कन्नौज, रामपुर, लखनऊ, सुल्तानपुर, नोएडा, बहराइच और कानपुर देहात के उदाहरण गिनाते हुए कहा कि कहीं एक घर में 18 से 49 वोट हैं, कहीं जिंदा लोगों को मृत घोषित किया गया, कहीं मृत लोगों को जिंदा, तो कहीं बाहरी लोगों को परिवार रजिस्टर में जोड़ दिया गया। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा, “मोदी जी को तो दैवीय शक्ति मिल गई है, जो मरे को जिंदा और जिंदा को मरा कर दे रहे हैं।”

सुप्रीम कोर्ट को संज्ञान लेना चाहिए

संजय सिंह ने प्रदेश की जनता को चेतावनी देते हुए कहा कि यह सिर्फ वोट का नहीं, बल्कि आपकी संपत्ति और अधिकारों का मामला है। उन्होंने कहा कि फर्जी फैमिली रजिस्टर बनाकर कल को लोगों की संपत्ति पर भी दावा किया जा सकता है।

आप सांसद संजय सिंह ने कहा- “SIR के नाम पर उत्तर प्रदेश में बहुत बड़ा फर्जीवाड़ा हुआ है और अगर सुप्रीम कोर्ट ने इसकी गहन जांच कराई तो कई लोग जेल जाएंगे।” उन्होंने बताया कि वह आज ही मुख्य निर्वाचन अधिकारी को पत्र लिख रहे हैं और इस मुद्दे को संसद के सत्र में भी उठाएंगे। उन्होंने कहा कि कनाडा की पूरी आबादी से ज्यादा मतदाता उत्तर प्रदेश में मताधिकार से वंचित कर दिए गए हैं, जिस पर सुप्रीम कोर्ट को तुरंत संज्ञान लेना चाहिए।

https://www.bhaskar.com/local/uttar-pradesh/lucknow/news/sanjay-singh-aap-mp-sir-up-uttar-pradesh-lucknow-yogi-pm-modi-136943581.html

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