ज्योतिष ज्ञान में सीखें ज्योतिष: त्रि खंड आय भावों का रहस्य
ज्योतिष ज्ञान: राम राम जी जैसा कि आप सभी जानते है कि प्रत्येक गुरुवार और रविवार को ज्योतिष के क्लास में गुरु का प्रसाद मानकर हम लोग सीखते हैं। ठीक हर हफ्ते रविवार की तरह ज्योतिष ज्ञान में सीखे आज का विषय त्रि खंड आय भावों का रहस्य
आय भावों का रहस्य

दीप ज्ञान ज्योतिष में सीखे आज का विषय त्रि खंड आय भावों का रहस्य महर्षि पाराशर ऋषि ने बताया कि तीसरा, छठा और ग्यारहवां भाव में पापी और क्रूर ग्रह अपना पाप्तव छोड़ देते हैं। शुभ ग्रह अपना शुभत्व छोड़ देते हैं। अर्थात कोई पापी या क्रूर ग्रह यह का अच्छा फल देता है।
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जैसे- सूर्य, मंगल और राहु इन स्थानों में शत्रु का प्रभाव नष्ट करते विजेता बनते हैं। गुरु भी छठे स्थान में शत्रु का संहार करते, अष्टम में रिसर्च करते, एकादश भाव में आय का श्रोत बढ़ते हैं। बारहवें स्थान में धर्म पारायण जीवन होगा सोचा हुआ काम बनेगा। ज्योतिष का फलादेश गुरु प्रसाद से संभव होता है साधनात्मक जीवन में धन सम्मान और खुशियां मिलेगी।
NOTE:- शेष अगले हफ्ते मिलेगा। ज्योतिष विषय सनातन धर्म से जुड़ा हुआ है गुरु के कृपा से मिलता है। यह जानकारी गुरु कृपा से मिलती है जिन लोगों को ज्योतिष में रुचि हो वह संपर्क करें धर्म परायण होकर साधना करें, आत्म चिंतन स्वाध्याय से प्रगति होगी। मिलने के लिए नोएडा, कानपुर, लखनऊ में अतिरिक्त जानकारी के लिए 9415126330, 6386254344 पर संपर्क करें। आप का साथी ज्योतिषाचार्य राम नजर मिश्र रत्न रुद्राक्ष विशेषज्ञ…
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यह ज्ञान बहुत ही खूब सूरत है इसमें जितना घुसा जाए उतना मजा आता है जीवन का जीव का आत्म का ब्रह्मांड का प्रकृति का ज्ञान भरा पड़ा है। हमारा प्रयास है समाज में जो विद्या लुप्त होती जा रही है, उसको भ्रमित किया जा रहा है अल्प ज्ञानी उसका दुरुपयोग कर रहे है। उन तक ज्ञान का विस्तार पहुंचे, ज्योतिष संबंधी जानकारी जो हर हफ्ते दिया जाता है उसे सीखना चाहते है तो राम नजर मिश्र ज्योतिषाचार्य रत्न रुद्राक्ष विशेषज्ञ से संपर्क करें, बाकी ज्योतिष से जुड़ी विशेष जानकारी के लिए भी संपर्क करें।
