राहुल गांधी ने मांगा मोदी, शाह और प्रधान का इस्तीफा
दिल्ली: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी तथा पार्टी के अन्य कई नेताओं ने मंगलवार को प्रधानमंत्री आवास के निकट धरना देकर छात्रों पर सोमवार को हुई पुलिस कार्रवाई का विरोध किया।
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सरकार के विरोध में कांग्रेस
We have marched to PM Modi’s house to demand answers from him for the brutalities against young students yesterday.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 21, 2026
The Government doesn’t want to take any accountability or does it want to have a debate on it in Parliament.
PM and HM must resign for destroying the future of… pic.twitter.com/gnU3ZkRKDx
कांग्रेस सांसद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह तथा शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए सरकार से छात्रों पर हुई कार्रवाई को लेकर जवाब मांग रहे थे। कांग्रेस नेताओं ने मल्लिकार्जुन खरगे के आवास से प्रधानमंत्री आवास तक मार्च किया।
धरने में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा, संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल, नासिर हुसैन, जयराम रमेश, सांसद अमरेदिंर सिह राजा बराड़ साहित कई अन्य वरिष्ठ नेता शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने छात्रों पर हुए लाठीचार्ज और पेपर लीक के विरोध में नारेबाजी की।
मोदी-शाह युवाओं के गुनहगार हैं, उन्हें इस्तीफा देना होगा pic.twitter.com/QojPALWobM
— Congress (@INCIndia) July 21, 2026
जवाब मांगने के लिए मार्च
राहुल गांधी ने कहा कि पार्टी नेता छात्रों पर हुए अत्याचार के लिए प्रधानमंत्री से जवाब मांगने के लिए मार्च कर यहां पहुंचे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार न तो इस मामले की कोई जवाबदेही तय करना चाहती है और न ही इस पर संसद में चर्चा कराने को तैयार है। उन्होंने कहा कि पेपर लीक प्रकरण की जिम्मेदारी स्वीकार करते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को भी अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
कांग्रेस की इस्तीफे की मांग
हम छात्रों के खून का हिसाब मांगने प्रधानमंत्री के घर आए हैं – युवाओं की गुनहगार मोदी सरकार जवाबदेही और संसद में चर्चा से भाग नहीं सकती।
— Congress (@INCIndia) July 21, 2026
देश के युवाओं का भविष्य बर्बाद करने, और उनके ख़िलाफ क्रूरता के लिए नरेंद्र मोदी, अमित शाह और धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें। pic.twitter.com/Rik1PVrUe6
देश के हजारों छात्र मोदी सरकार की खोखली शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं, अपनी मेहनत का हक मांग रहे हैं। ये हम सभी की जिम्मेदारी है कि इन बच्चों का साथ निभाएं, उनका हौसला बनें और इस जनआंदोलन में उनके साथ चट्टान की तरह खड़े रहें।
आज @CongressSevadal के कार्यकर्ताओं ने जंतर-मंतर पहुंचकर छात्रों को खाने के पैकेट्स बांटे और ये भरोसा दिलाया कि आप अकेले नहीं हो। हम मिलकर मोदी सरकार की छात्र विरोधी शिक्षा व्यवस्था को बदलकर रहेंगे- धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लेकर रहेंगे। हम छात्रों के खून का हिसाब मांगने प्रधानमंत्री के घर आए हैं – युवाओं की गुनहगार मोदी सरकार जवाबदेही और संसद में चर्चा से भाग नहीं सकती।
छात्रों पर हमला हर भारतीय परिवार पर हमला है।
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 21, 2026
प्रधानमंत्री मोदी को लगता है कि वो बिना जवाब दिए, बिना किसी नतीजे का सामना किए बच निकलेंगे – नहीं कर पाएंगे, इस बार तो बिल्कुल नहीं।
मैं हर उस देशभक्त भारतीय से अपील करता हूं जो मानता है कि हमारे छात्रों को न्याय मिलना चाहिए -…
देश के युवाओं का भविष्य बर्बाद करने, और उनके ख़िलाफ क्रूरता के लिए नरेंद्र मोदी, अमित शाह और धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें। हमारी जो मांग है, उसे लोकसभा और राज्यसभा में हमारे विपक्ष के नेताओं ने उठाई है। हम चाहते हैं- देश में जिस तरह से लोकतंत्र और संविधान की हत्या की जा रही है, युवाओं पर अत्याचार हो रहे हैं, उस पर गृह मंत्री दोनों सदनों में बयान दें। हम 45 दिनों से शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।

